कुमाऊं, नागा रेजीमेंट का इतिहास स्वर्णिम अक्षरों में दर्ज है, पड़ोसी देशों सहित पूरी दुनिया रेजीमेंट के शौर्य और पराक्रम का लोहा मानती है। केआरसी के शपथ ग्रहण समारोह को संबोधित करते हुए कमांडेंट ब्रिगेडियर आतेश चहार ने यह बात कही। इस मौके पर देश की आन, बान और शान की रक्षा का संकल्प लेकर 319 जांबाज जवान भारतीय सेना के अभिन्न अंग बन गए। जवानों के शानदार मार्चपास्ट ने सभी को मुग्ध कर दिया। जवानों के परिजनों को गौरव मेडल प्रदान कर सम्मानित किया गया। मंगलवार को सोमनाथ ग्राउंड में कुमाऊं रेजीमेंट केंद्र की भव्य कसम परेड हुई। समारोह के मुख्य अतिथि ब्रिगेडियर आतेश चहार ने परेड का निरीक्षण किया। नव प्रशिक्षित जवानों की विभिन्न टुकड़ियों ने रेजीमेंट बैंड की देशभक्ति स्वर लहरियों के बीच शानदार मार्चपास्ट निकाल मुख्य अतिथि को सलामी दी। सेना के धर्म गुरू ने राष्ट्र ध्वज व धर्मग्रंथों को साक्षी रख जवानों को देश सेवा की शपथ दिलाई। कसम परेड में नव प्रशिक्षित जवानों ने जैसे ही अंतिम पग पार किया, भारतीय सेना को 319 नए जांबाज मिल गए। समारोह को संबोधित करते हुए कमांडेंट चहार ने कहा कि सेना में शामिल होकर जवानों ने अपने जीवन का सर्वोच्च निर्णय लिया है। उन्होंने रेजीमेंट की गौरवगाथा पर भी प्रकाश डालते हुए नए जवानों से रेजीमेंट की परंपराओं को आगे बढ़ाने का आह्वान किया। इस मौके पर कमांडेंट ने प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न गतिविधियों में अव्वल रहने वाले रिक्रूटों को उत्कृट मेडल प्रदान कर सम्मानित भी किया। रेजीमेंट की पंरपरानुसा नव प्रशिक्षित जवानों के परिजनों को गौरव मेडलों से नवाजा गया। कार्यक्रम में डिप्टी कमांडेंट कर्नल नवदीप दहिया, कर्नल नीरज सूद (शौर्य चक्र), जीएसओ-1 प्रशिक्षण कर्नल नक्षत्र भंडारी सहित वरिष्ठ व कनिष्ठ सैन्य अधिकारी मौजूद रहे।