नैनीताल। जिला जज एवं विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण कुमकुम रानी की अदालत ने गदरपुर के रजिस्ट्रार कानूनगो (आरके) को घूसखोरी पर साढे़ चार साल की सजा सुनाई है। साथ ही 20 हजार का जुर्माना लगाया है। हेमराज को हाल में ही एनएच मुआवजा घोटाला मामले में निलंबित किया जा चुका है।
मामले के मुताबिक गदरपुर निवासी ताहिर हुसैन को अपनी जमीन की सीलिंग प्रमाण पत्र लेना था। यह भूमि उनकी माता खूबी बेगम की ओर से पुत्रों के नाम हस्तांतरित की जानी थी। रिपोर्ट लगाने के लिये ताहिर रजिस्ट्रार कानूनगो हेमराज सिंह चौहान के कार्यालय गए। चौहान ने इसके एवज में दो हजार रुपये की माग की। इसकी शिकायत ताहिर ने विजिलेंस से की। 23 जून 2012 को विजलेंस की टीम द्वारा कानूनगो हेमराज चौहान को दो हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। अभियोजन की ओर से आरोप साबित करने के लिए नौ जबकि बचाव पक्ष की ओर से तीन गवाह पेश किए गए। 12 फरवरी को विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट ने कानूनगो को दोषी करार दिया था। शुक्त्रवार को कोर्ट ने भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत अधिकतम साढ़े चार साल की सजा सुनाई।