रुड़की, भाजपा सांसद वरुण गांधी का कहना है कि वह महिला आरक्षण के पक्ष में नहीं हैं। उनका कहना है कि महिला आरक्षण महज एक छलावा है। क्योंकि कई महिलाओं के बदले पुरुष ही गांव और शहर आदि में राजनीति करते हैं। जबकि महिलाओं को देश की भागीदारी में आगे बढ़कर हिस्सा लेना चाहिए।
सुल्तानपुर से सांसद वरुण गांधी भगवानपुर के किशनपुर गांव स्थित आरसीपी यूनिवर्स ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन्स में एक कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने सशक्त युवा, सशक्त देश विषय पर व्याख्यान दिया। साथ ही छात्रों को युवा शक्ति के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि अगर युवा किसी कार्य को करने की ठान लें तो उसके सामने सरकार भी झुकने को तैयार हो जाती है। उन्होंने देश के भिन्न-भिन्न क्षेत्रों के छात्रों की मिसाल पेश की। वहीं उन्होंने कहा कि वो सिर्फ सुल्तानपुर के सांसद नहीं हैं, बल्कि पूरे देश के सांसद हैं। उन्होंने कहा कि आप लोग ट्विटर के माध्यम से मुझसे जुड़िए और अपनी समस्याएं और अपने विचार मेरे साथ साझा कीजिए। मैं आपके विचारों को संसद में उठाने के लिए भी तैयार हूं। सासंद वरुण गाधी ने कहा कि सांसदों और विधायकों को अपनी तनख्वाह निर्धारित करने का अधिकार नहीं होना चाहिए। इसके लिए एक संस्था का गठन किया जाना चाहिए, जो सांसदों और विधायकों की तनख्वाह तय करें। उन्होंने आम नौजवानों को भी राजनीति में आने के लिए प्रेरित किया।